मेरी कविता

है वंदना यही कि मुझको ज्ञान दीजिए चरणों में अपने मुझको भी स्थान दीजिए हर एक कविता मेरी जन चेतना बने मां शारदे यही मुझे वरदान दीजिए अच्छे बुरे की भी मुझे पहचान दीजिए देशभक्ति वीरों का गुणगान दीजिए बेखौफ जमाने की सच्चाई जो कह सके मां शारदे ऐसी मुझे जुबान दीजिए

by merikavita2016

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